गुजरात सं बिहार लौटि रहल छथि हजारो मजदूर, कहलनि, छुट्टी मंगलहुं तं सेठ नोकरी सं निकालि देलक
- मजदूर लोकनिक आरोप, आब ओतय नहि जायब, सूरत मे कारखाना मालिकक मनमानी आ शोषणक कारण गाम लौटि रहल छथि श्रमिक
सूरत, समदिया
गुजरात मे कारखाना मालिकक कथित मनमानी आ मजदूरक शोषणक विरोध मे शुरू भेल गाम चलू आंदोलन आब जोर पकड़ि रहल अछि। सूरत शहर आ जिलाक करीब 10 लाख मजदूर बिहार घुरि रहल छथि। शनि दिन पैघ संख्या मे मजदूर अपन गाम जायबाक लेल रेलवे स्टेशन पर पहुंचलाह। सूरत रेलवे स्टेशन पर घर घुरनिहार मजदूरक लंबा लाइन लागि गेल। मजदूर सभक आरोप अछि जे हुनका सभ सं दिन-राति काज कराओल जाइत अछि, मुदा समय पर मजदूरी नहि भेटैत अछि। साप्ताहिक छुट्टी मंगला पर वेतन काटि लेल जाइत अछि आ कतेको मजदूर कें नौकरी सं निकालि देल गेल अछि।
12 घंटा काज, मुदा समय पर नहि भेटैत अछि वेतन
बिहार आ उत्तर प्रदेश घुरि रहल मजदूर सभ अपन पीड़ा सुनबैत कहलनि जे हुनका सभ कें प्रतिदिन 12 घंटा काज करय पड़ैत अछि। सप्ताह मे एकहु दिन छुट्टी नहि भेटैत अछि आ मासक 30 दिन काज करबाक दबाव देल जाइत अछि। बेमारी अथवा थकानक कारण छुट्टी लेला पर वेतन काटि लेल जाइत अछि। समस्तीपुरक सुरेश पासवान कहलनि जे सात-आठ मास काज केलाक बाद जखन गाम जेबाक लेल छुट्टी मंगलहुं, तं सेठ हमर मजदूरी रोकि देलक आ नोकरी सं निकालि देलक। सप्ताह मे एक दिन छुट्टी मंगनिहार 250 सं 300 मजदूर कें नौकरी सं निकालि देल गेल। एहन स्थिति मे गाम लौटबाक अतिरिक्त दोसर कोनो बाट नहि बचल अछि।
मात्र आश्वासन दैत छथि मालिक : प्रेमचंद्र
दरभंगा घुरि रहल प्रेमचंद्र कहलनि जे मजदूर सभक सप्ताह मे कम-सं-कम एक दिन, रविदिन छुट्टी भेटबाक चाही। मुदा, मालिक छुट्टी देबाक नाम पर टालमटोल करैत छथि। हुनकर कहब छलनि जे मालिक पहिने दू सप्ताह छुट्टी देबाक आश्वासन दैत छथि, मुदा किछुए दिन बाद अपन बात सं मुकरि जाइत छथि आ फेर पहिने सन व्यवस्था लागू कए दैत छथि। एहि कारणें मजदूर सभक भरोस उठि गेल अछि।
रविदिन छुट्टी नहि भेटत, जेबाक अछि तं जा सकैत छी
परिवार सं दूर रहि काज कएनिहार मजदूर सभ लेल गाम जेबाक छुट्टी लेब कठिन भए गेल अछि। सीतामढ़ीक अजय नामक मजदूर बतौलनि जे मालिक छुट्टी देबा सं मना कए देलनि। साफ कहि देलनि जे छुट्टी लेला पर वेतन काटल जायत। सुपौल निवासी राजीव कुमार कहलनि जे वेतन नहि बढ़ेनाइ आ छुट्टी लेला पर मजदूरी काटबाक नीति सं परेशान भए ओ गाम घुरि रहल छथि। सप्ताह मे एक दिन छुट्टी मंगला पर मालिक साफ कहि देलनि जे रविदिन छुट्टी नहि भेटत। जेबाक अछि तं जा सकैत छी।
सूरत मे गुलाम बनि रहबा सं नीक गाम मे खेती करब
कारखाना मालिकक व्यवहार सं परेशान मजदूर आब गाम घुरि कए खेती-बाड़ी आ छोट-मोट काज करबाक योजना बना रहल छथि। मुजफ्फरपुर आबि रहल बृजेश निषाद कहलनि जे ओ चारि-पांच मास सं सूरत मे काज कए रहल छलाह। छुट्टी मंगलापर नहि भेटैत छलनि। सप्ताह मे एक दिन छुट्टी लेला पर ओहि दिनक मजदूरी काटि लेल जाइत छल। आब ओ गाम जा कए खीरा उपजा अपन गुजर-बसर करताह। हुनकर कहब छलनि जे सूरत मे गुलाम बनि रहबा सं नीक गाम मे खेती करब अछि।
वेतन रोकबाक धमकी सं मजदूर परेशान
मजदूर सभक शिकायत अछि जे 12 घंटा काज करबाक बादो समय पर वेतन नहि देल जाइत अछि। मनोज कुमार सिंह कहलनि जे हुनका प्रतिदिन 12 घंटा ड्यूटी करय पड़ैत छलनि। गाम जेबाक लेल छुट्टी मंगला पर छुट्टी नहि भेटल आ वेतन सेहो रोकि देल गेल। हुनका संग कारखाना सं निकालल गेल 25-30 मजदूर सेहो गाम घुरि रहल छथि। आब सभ गाम मे खेती करबाक विचार कए रहल छथि।
सेठ बजौताह तखने घुरब, 30 दिन काज नहि करब
शिववंदन कुमार नामक मजदूर, जे मधुबनीक निवासी छथि, कहलनि जे मालिक हुनका सं 12 घंटा काज करौलनि आ बाद मे कारखानाक गेट सं बाहर निकालि देलनि। मजदूर सभ मास मे 26 दिन काज करबाक बात कहलनि, मुदा मालिक 30 दिन काज करबाक शर्त राखि देलनि। एहि पर मजदूर सभ एहन शर्त मानबा सं मना कए देलनि। शिववंदन कहलनि जे आब हम गाम जा रहल छी। जखन सेठ कें मजदूरक जरूरत पड़तनि, तखन बजौताह। मुदा आब हम घुरबो करब तं मासक 30 दिन काज नहि करब।