ज्ञानेश कुमारक इस्तीफाक मांग लए प्रदर्शन लेल आइ राति सं मध्य दिल्ली मे मोबाइल इंटरनेट बंद
नई दिल्ली। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमारक इस्तीफाक मांग लए शनिदिन जंतर-मंतर पर होमय बला कॉकroach जनता पार्टी (सीजेपी)क प्रदर्शन सं पहिने मध्य दिल्ली मे 24 घंटा लेल मोबाइल इंटरनेट सेवा बंद करबाक आदेश देल गेल अछि। ई प्रतिबंध आइ राति 10 बजे सं लागू होयत।
दिल्ली पुलिसक विशेष प्रकोष्ठक उपायुक्त मनीषी चंद्रा साँझ मे जारी अधिसूचना मे कहलनि जे जनपथ-कर्तव्य पथ चौराहा सं चारि किलोमीटरक दायरामे मोबाइल इंटरनेट सेवा बंद रहत।
विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) अर्थात मतदाता सूचीक फेर सं जांच प्रक्रिया मे कथित अनियमितताक विरोध मे सीजेपी समर्थक, लोकतंत्र कार्यकर्ता, विपक्षी दल आ सांसद सड़क पर उतरि ज्ञानेश कुमारक इस्तीफाक मांग करताह। मध्य दिल्ली आ शहरक आन हिस्सामे पैघ प्रदर्शन होएबाक आशंका अछि।
राजधानी मे कड़ा सुरक्षा व्यवस्था
‘द इंडियन एक्सप्रेस’क रिपोर्टक अनुसार, सीजेपी आ विपक्षी दलसभक प्रदर्शनक प्रभाव सीमित करबाक लेल दिल्ली पुलिस आ केंद्र सरकार राजधानी मे बहुस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था कएने अछि। सूत्रक अनुसार, सुरक्षा योजना मे 37 बिंदु पर विशेष निगरानी आ कार्रवाईक व्यवस्था शामिल अछि।
एहि अभियानक तहत केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलक करीब 23,000 जवान आ दिल्ली पुलिसक लगभग 5,000 कर्मी तैनात रहताह। जंतर-मंतर दिस जाए बला सड़कसभ पर भारी संख्या मे बैरिकेडिंग कएल जा रहल अछि।
दिल्ली आ ओकर आसपास आवाजाही पर व्यापक प्रतिबंध लगाओल गेल अछि। खास कए मध्य दिल्ली मे पुलिस कैब सेवा देनिहार कंपनी उबर आ ओला कें जंतर-मंतर दिस जाए बला संदिग्ध यात्रीसभ कें लए सतर्क रहबाक चेतावनी देने अछि।
रेल आ मेट्रो सेवा पर प्रतिबंध
शनिदिन भोर 4 बजे सं दुपहर 2 बजे धरि नई दिल्ली आ हजरत निजामुद्दीन रेलवे स्टेशन पर आबय-जाय बला ट्रेनसभ रद्द रहत।
ओम्हर, दिल्ली मेट्रो घोषणा कएने अछि जे शुक्रदिन राति 9 बजे सं उत्तर, दक्षिण, पूर्व, पश्चिम आ मध्य दिल्लीक 57 मेट्रो स्टेशन पर प्रवेश आ निकास बंद रहत।
खाना पहुंचेनिहार कंपनीसभ पर सेहो निगरानी
सूत्रक अनुसार, जोमैटो सन खाद्य पदार्थ पहुंचेनिहार कंपनीसभक ऑर्डर पर सेहो निगरानी राखल जा रहल अछि। पुलिस खास कए पैघ संख्या मे देल गेल ऑर्डर पर नजरि राखि रहल अछि, जाहि सं प्रदर्शनकारीसभक जुटानक जानकारी भेटि सकय।
जून मे भेल पिछला सीजेपी प्रदर्शनक दौरान सेहो पुलिस एहन रणनीति अपनौने छल। ओहि समय हजारों लोक प्रदर्शन कएने छलाह आ तत्कालीन शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान पर इस्तीफा देबाक दबाव बनल छल।